भारती कुमारी/हरिकेश यादव

दिल्ली विश्वविद्यालय से संबद्ध डॉ. भीमराव अम्बेडकर महाविद्यालय राजधानी में उच्च शिक्षा का एक महत्वपूर्ण और प्रतिष्ठित केंद्र है। यमुना विहार में लगभग नौ एकड़ में फैला यह सह-शैक्षिक महाविद्यालय विद्यार्थियों को पारंपरिक अकादमिक शिक्षा के साथ रोजगारपरक और व्यावहारिक ज्ञान उपलब्ध कराने की दिशा में कार्य कर रहा है। कॉलेज की स्थापना 8 फरवरी 1991 को हुई थी और यह दिल्ली सरकार द्वारा वित्तपोषित है। स्थापना के बाद से संस्थान ने कला, मानविकी, सामाजिक विज्ञान और वाणिज्य जैसे विविध क्षेत्रों में अपनी शैक्षणिक पहचान विकसित की है। वर्तमान में कॉलेज में 11 स्नातक पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं, जिनमें बीए ऑनर्स एप्लाइड साइकोलॉजी, बिजनेस इकोनॉमिक्स, जियोग्राफी, हिस्ट्री, इकोनॉमिक्स, हिंदी, हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार और सोशल वर्क प्रमुख है।

इसके अलावा विद्यार्थियों के लिए बीकॉम ऑनर्स, बीकॉम और बीए प्रोग्राम भी उपलब्ध हैं। इन विभिन्न पाठ्यक्रमों में कुल 1,056 सीटों की व्यवस्था है, जिससे अलग-अलग रुचि और करियर लक्ष्य रखने वाले विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के विविध विकल्प मिलते हैं। कॉलेज की विशेष पहचान उसके रोजगारपरक और व्यावसायिक पाठ्यक्रमों से भी जुड़ी हुई है। हिंदी पत्रकारिता एवं जनसंचार जैसे पाठ्यक्रम विद्यार्थियों को पत्रकारिता, मीडिया, संचार और डिजिटल माध्यमों की बदलती आवश्यकताओं से जोड़ते है, इस पाठ्यक्रम की शुरुआत 1994-95 में हुई थी। वहीं सोशल वर्क और बिजनेस इकोनॉमिक्स की शुरुआत 1995-96 में तथा एप्लाइड साइकोलॉजी पाठ्यक्रम की शुरुआत 2007-08 में की गई।

इन पाठ्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों को विषयगत ज्ञान के साथ समाज, बाजार, मीडिया और कार्यक्षेत्र की वास्तविक चुनौतियों को समझने का अवसर मिलता है। कॉलेज की शैक्षणिक व्यवस्था में फैकल्टी की भूमिका भी महत्वपूर्ण है। महाविद्यालय के प्राचार्य सदानंद प्रसाद ने बताया कि यहां लगभग 164 शिक्षक तथा करीब 70 गैर-शैक्षणिक और सहायक कर्मचारी कार्यरत है। विभिन्न विभागों के शिक्षक विषय-विशेषज्ञता के आधार पर विद्यार्थियों को शिक्षण, मार्गदर्शन और अकादमिक सहयोग प्रदान करते है तथा संस्थान की आधारभूत संरचना भी इसकी शैक्षणिक गतिविधियों को मजबूत आधार देती है। परिसर में पुस्तकालय, सभागार, खेल मैदान, कैंटीन, कंप्यूटर प्रयोगशालाएं, स्मार्ट शिक्षण सुविधाएं, वाई-फाई, प्रोजेक्टर और सीसीटीवी निगरानी जैसी सुविधाएं उपलब्ध है। अवसंरचना संबंधी विवरण के अनुसार कॉलेज में चार कंप्यूटर लैब, 134 कंप्यूटर, 27 एलसीडी प्रोजेक्टर और 95 सीसीटीवी कैमरे दर्ज हैं। इसके साथ ही सह-पाठ्यक्रम और विद्यार्थियों की रचनात्मक गतिविधियों को भी शिक्षा का महत्वपूर्ण हिस्सा माना जाता है, जिससे छात्रों को केवल पाठ्यक्रम तक सीमित न रहकर अपने व्यक्तित्व, संचार कौशल और सामाजिक समझ को विकसित करने का अवसर मिलता है। इस पूरी संरचना को देखें तो डॉ. भीमराव अंबेडकर कॉलेज केवल डिग्री प्रदान करने वाला संस्थान नहीं, बल्कि विविध विषयों में उच्च शिक्षा, रोजगारपरक प्रशिक्षण, आधुनिक तकनीकी संसाधनों और विद्यार्थियों के समग्र विकास का एक महत्वपूर्ण केंद्र बनकर उभरता है। शैक्षणिक विविधता, प्रशिक्षित फैकल्टी, पर्याप्त आधारभूत सुविधाएं और व्यावहारिक दृष्टिकोण कॉलेज को दिल्ली विश्वविद्यालय की शिक्षा व्यवस्था में एक विशिष्ट स्थान प्रदान करते है।

By नवप्रभा टाइम्स

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