यश पांडेय
रक्षाबंधन के पावन पर्व को देखते हुए उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार ने प्रदेश की महिलाओं और उनके परिवारों को एक अभूतपूर्व और बड़ा तोहफा दिया है। इस बार रक्षाबंधन के अवसर पर उत्तर प्रदेश स्टेट रोड ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन की सरकारी बसों में महिलाएं न केवल स्वयं मुफ्त यात्रा करेंगी, बल्कि उनके साथ यात्रा करने वाले किसी भी एक साथी (सहयात्री) को भी बस में पूरी तरह से फ्री एंट्री दी जाएगी।
सरकार के इस बड़े फैसले के बाद रक्षाबंधन की पूर्व संध्या से लेकर त्योहार के दिन (27 अगस्त से 28 अगस्त) तक यूपी रोडवेज की बसों में महिलाएं अपने किसी भी एक साथी के साथ बिना कोई किराया दिए सफर पूरा कर सकेंगी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शासन और परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हुई बैठक में यह निर्देश जारी करते हुए स्पष्ट किया कि त्योहार के दौरान महिलाओं और उनकी सहायता के लिए साथ चलने वाले परिजनों को किसी भी प्रकार की आर्थिक या व्यावहारिक असुविधा का सामना न करना पड़े।
आम तौर पर त्योहारों के अवसर पर बहनों की सुरक्षा और सहायता के लिए परिवार का कोई न कोई सदस्य—चाहे भाई हो, पति हो या बेटा—उनके साथ यात्रा करता है। इससे पहले केवल महिलाओं के लिए ही बस किराया माफ करने की व्यवस्था होती थी, जिसके कारण साथ में मौजूद पुरुष या अन्य साथी के लिए अलग से टिकट लेना पड़ता था। सरकार के इस नए नियम के लागू होने से अब पूरे परिवार का यात्रा बजट शून्य हो जाएगा और त्यौहार की खुशियों में कोई आर्थिक बाधा नहीं आएगी।
उत्तर प्रदेश के परिवहन विभाग को इस पूरी सेवा को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए विशेष निर्देश जारी किए गए हैं। रक्षाबंधन के दिन सड़कों पर होने वाली भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए राज्य भर में अतिरिक्त बसों का इंतजाम करने का आदेश दिया गया है। इसके अलावा, सभी प्रमुख बस अड्डों और डिपो पर 24 घंटे काम करने वाले कंट्रोल रूम स्थापित किए गए हैं ताकि यात्रियों को बसों की समय सारणी जानने या सहायता प्राप्त करने में कोई दिक्कत न हो।
यात्रियों की सुगमता के साथ-साथ सुरक्षा के मोर्चे पर भी सख्त इंतजाम किए गए हैं। मुख्यमंत्री कार्यालय के निर्देशानुसार, त्यौहार के दौरान सभी प्रमुख बस स्टैंडों, चौराहों और मुख्य मार्गों पर पुलिस बल और ‘एंटी-रोमियो स्क्वाड’ की टीमों को तैनात रखा जाएगा। महिलाओं के सुरक्षित सफर को सुनिश्चित करने के लिए सार्वजनिक परिवहन वाहनों, ऑटो-रिक्शा और निजी बसों के चालकों का सत्यापन कराने के आदेश भी जारी कर दिए गए हैं।
निःशुल्क बस सेवा की इस योजना को समय पर और बिना किसी असुविधा के पूरा करने के लिए परिवहन निगम ने ड्राइवरों और कंडक्टरों की छुट्टियों को रद्द कर दिया है। रोडवेज बेड़े की सभी गाड़ियों की तकनीकी जांच पूरी कर ली गई है ताकि बीच रास्ते में कोई बस खराब न हो। इसके साथ ही, बस चालकों को नशे की हालत में गाड़ी न चलाने और ट्रैफिक नियमों का कड़ाई से पालन करने की सख्त चेतावनी दी गई है।
यह मुफ्त बस सेवा यूपी रोडवेज की साधारण बसों के साथ-साथ राज्य की एक्सप्रेस सेवाओं में भी लागू की जा रही है। इससे न केवल बड़े शहरों में रहने वाली महिलाओं को राहत मिलेगी, बल्कि ग्रामीण और सुदूर क्षेत्रों से अपने भाइयों को राखी बांधने जाने वाली बहनों को भी सीधा फायदा पहुंचेगा। आर्थिक रूप से कमजोर और मध्यम वर्ग के परिवारों के लिए सरकार का यह कदम अत्यंत कल्याणकारी साबित होने वाला है।
योगी सरकार के इस जनहितैषी फैसले की पूरे उत्तर प्रदेश में सराहना हो रही है। प्रदेश भर के विभिन्न जिलों से महिलाओं और सामाजिक संगठनों ने इस निर्णय का स्वागत किया है। बहनों का कहना है कि एक सहयात्री का किराया माफ हो जाने से अब वे बिना किसी हिचकिचाहट और आर्थिक तनाव के अपने परिजनों के साथ आराम से अपने भाइयों के घर पहुंच सकेंगी और रक्षाबंधन का यह पवित्र पर्व हर्षोल्लास के साथ मना सकेंगी।
