डॉ सत्य प्रकाश तिवारी

रांची: झारखंड में 14वीं JPSC सिविल सेवा परीक्षा को लेकर खड़ा हुआ विवाद अब तक के सबसे गंभीर संकट में तब्दील हो चुका है। सूत्रों के हवाले से मिल रही बड़ी खबर के अनुसार, OMR शीट में बड़े पैमाने पर हुई गड़बड़ी, विवादित कट-ऑफ और परीक्षा आयोजित करने वाली आउटसोर्स एजेंसी की संदिग्ध भूमिका के बाद राज्य सरकार 14वीं JPSC की प्रारंभिक परीक्षा को रद्द करने के प्रशासनिक विकल्प पर बेहद गंभीरता से विचार कर रही है। राज्य भर में गहराते जनआक्रोश और राजनीतिक दबाव के बीच मुख्यमंत्री कार्यालय ने CID की विशेष जांच टीम और JPSC प्रशासन से पूरी धांधली, अब तक की जांच में सामने आए तथ्यों और आरोपियों की भूमिका पर एक विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।

मामले की शुरुआत परीक्षा का परिणाम घोषित होने के साथ ही शुरू हो गई थी, जब कई अभ्यर्थियों की OMR शीट सोशल मीडिया पर वायरल हुईं और श्रेणीवार कट-ऑफ मार्क्स जारी नहीं किए जाने पर गंभीर सवाल उठाए गए। छात्रों का आरोप है कि कम अंक और बेहद कम सवाल हल करने वाले अभ्यर्थियों को भी पास घोषित कर दिया गया, जबकि मेधावी छात्र चयन प्रक्रिया से बाहर हो गए। CID की शुरुआती जांच में परीक्षा संचालित करने वाली निजी डेटा एजेंसी TDPL और आयोग के अधिकारियों की साठगांठ उजागर हुई है, जिसके बाद कई आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

दूसरी ओर, राजधानी रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम सहित राज्य के विभिन्न हिस्सों में अभ्यर्थियों का आंदोलन लगातार 15वें दिन भी जारी रहा। भीषण गर्मी और मानसूनी बारिश की परवाह किए बिना हजारों अभ्यर्थी अनिश्चितकालीन धरने, भूख हड़ताल और प्रदर्शन पर डटे हुए हैं। छात्रों का स्पष्ट रूप से कहना है कि जब तक 14वीं JPSC परीक्षा को पूरी तरह से रद्द करने की आधिकारिक घोषणा नहीं हो जाती और इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को नहीं सौंपी जाती, तब तक उनका यह आंदोलन समाप्त नहीं होगा।

झारखंड लोक सेवा आयोग के अध्यक्ष पद से हाल ही में हुए इस्तीफे और विपक्षी दलों के लगातार आक्रामक रुख ने राज्य सरकार पर चौतरफा दबाव बना दिया है। विधानसभा घेराव की चेतावनियों के बीच प्रशासनिक गलियारों में हलचल तेज है और माना जा रहा है कि सरकार द्वारा मांगी गई जांच रिपोर्ट मिलते ही इस परीक्षा को रद्द करने और नए सिरे से पारदर्शी प्रक्रिया शुरू करने का बड़ा प्रशासनिक निर्णय लिया जा सकता है, जिस पर राज्य के लाखों युवाओं की नजरें टिकी हुई हैं।

By नवप्रभा टाइम्स

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